Wednesday 22nd of April 2026

ब्रेकिंग

आरक्षण के नाम पर महिलाओं के साथ छल - पूर्व राजस्व मंत्री जय सिंह अग्रवाल। महिला आरक्षण बिल को जयसिंह अग्रवाल ने बताया ‘

जनदर्शन में कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने सुनी आमजन की समस्याएं।

विद्युत संयंत्र दुर्घटना के मृतकों के परिवारों को दिया जा रहा मुआवजा। - छत्तीसगढ़ के प्रभावित परिवारों तक पहुँच रहे कंपन

लेमरू में दौड़ी जिंदगी की नई रफ्तार, संजीवनी 108 सेवा से ग्रामीणों को मिल रहा त्वरित उपचार। कलेक्टर के निर्देश पर एम्बुल

राजस्व कार्यों में गंभीर लापरवाही और भू-अभिलेखों में हेराफेरी पर पटवारी निलंबित।

: कोरबा जिले के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में ‘‘नोनी बाबू जतन केन्द्र’’ का हुआ शुभारंभ।

Vivek Sahu

Fri, Jul 4, 2025
कोरबा (न्यूज उड़ान )कलेक्टर अजीत वसंत के मार्गदर्शन में कोरबा जिले के 03 विकासखण्ड कोरबा, पाली एवं पोडीउपरोडा अंतर्गत कुल 41 नोनी बाबू जतन केन्द्रों का गत 01 जुलाई को शुभारंभ किया गया।   जिसमें एकीकृत बाल विकास परियोजना कोरबा (ग्रामीण) के 03 केन्द्र, परियोजना पाली के 05 केन्द्र, परियोजना पोडीउपरोडा के 07 केन्द्र, चोटिया के 13 केन्द्र तथा पसान के 13 केन्द्र शामिल है।   जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि नोनी बाबू जतन केन्द्रों की स्वीकृति जिला खनिज न्यास मद द्वारा प्रदान की गई है।   नोनी बाबू जतन केन्द्र का संचालन उन दुर्गम क्षेत्र के बसाहटों में किया जा रहा है जहां आंगनबाड़ी केन्द्र दूर होने के कारण हितग्राही लाभ से वंचित हो जाते है तथा बसाहट शासन के निर्देशानुसार जनसंख्या के मापदण्ड को पूर्ण नहीं करते।   जिला खनिज न्यास मद अंतर्गत इन 41 केन्द्रों के लगभग 800 हितग्राहियों (उम्र 06 माह से 06 वर्ष) को महिला एवं बाल विकास विभाग की समस्त योजनाओ एवं सेवाओ का लाभ प्रदान किया जायेगा।   इन केन्द्रों का संचालन ग्राम सभा से चयनित महिला द्वारा किया जायेगा तथा प्रतिमाह 10 हजार रूपये मानदेय का भुगतान जिला खनिज न्यास मद से दिया जायेगा।   कोरबा जिले में स्वास्थ्य एवं पोषण क्षमता का विकास करने, समुदाय स्तर पर प्रबंधन करने एवं कुपोषण में कमी लाने हेतु दूरस्थ अंचल में यह नोनी बाबू जतन केन्द्र निश्चित तौर पर महत्वपूर्ण भूमिका निभायेगा।   कलेक्टर द्वारा इन केन्द्रों के लिए डीएमएफ मद से लगभग 62 लाख 85 हजार रूपये की स्वीकृति प्रदान की गई है।   कलेक्टर द्वारा इन केन्द्रों के पर्यवेक्षण व निरीक्षण हेतु परियोजना अधिकारियों को माह में न्यूनतम एक बार तथा सेक्टर पर्यवेक्षक को माह में 03 बार करने हेतु निर्देशित किया गया है।

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन

विज्ञापन

विज्ञापन